चिन्मयानंद ब्लैकमेलिंग केस में SIT ने पीड़ित छात्रा को हिरासत में लिया

 







शाहजहांपुर में चिन्मयानंद (Chinmayanand) से 5 करोड़ की रंगदारी मांगने के मामले में भी एसआईटी (SIT) ने जांच तेज कर दी है. पीड़ित छात्रा को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है.



शाहजहांपुर. एसएस लॉ कॉलेज (SS Law College) की एलएलएम छात्रा (LLM Student) से रेप और यौन शोषण (Rape and Sexual Harassment) के मामले में पूर्व केंद्रीय गृह राज्यमंत्री स्वामी चिन्मयानंद (Swami Chinmyanand) जेल में बंद हैं. उधर, चिन्मयानंद से 5 करोड़ की रंगदारी मांगने के मामले में भी एसआईटी ने जांच तेज कर दी है. एसआईटी ने पीड़ित छात्रा को मंगलवार को पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया. जानकारी के अनुसार, एसआईटी ने एक गाड़ी में पीड़ित छात्रा को लेकर पूछताछ कर रही है. इस दौरान पीड़िता के पिता और भाई भी मौजूद हैं. इससे पहले एसआईटी ने मामले में गिरफ्तार दो आरोपी विक्रम और सचिन को स्पेशल इन्वेस्टीगेशन टीम (Special Investigation Team) ने रिमांड पर लिया है. एसआईटी दोनों को राजस्थान ले जाने की तैयारी में है.

पता चला है कि एसआईटी दोनों से राजस्थान में फेंके गए मोबाइल को लेकर भी पूछताछ करेगी. बता दें कि एसआईटी रंगदारी के मामले में संजय सिंह, विक्रम सिंह और सचिन सेंगर को जेल भेज चुकी है. थाना कोतवाली क्षेत्र में चिन्मयानंद के वकील ने पांच करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने का मामला दर्ज करवाया था.

छात्रा की भी संलिप्तता मिली: एसआईटी

यौन शोषण और ब्‍लैकमेलिंग मामले की जांच कर रहे एसआईटी प्रमुख नवीन अरोड़ा के मुताबिक, चिन्मयानंद को ब्लैकमेल करने के मामले में पीड़ित छात्रा की भी संलिप्तता मिली है. साक्ष्य मिलने पर उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी. इससे पहले पीड़ित छात्रा ने सोमवार को गिरफ़्तारी पर रोक लगाने को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट में अर्जी दी थी. कोर्ट ने पीड़ि‍ता की याचिका को खारिज करते हुए निचली अदालत में अर्जी देने को कहा है.

 


रंगदारी का वीडियो हुआ था वायरल

बता दें कि बीते 10 सितंबर को चिन्मयानंद के मालिश कराते हुए 16 वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हुए थे. उसके तुरंत बाद एक और वीडियो जारी हुआ था, जिसमें लॉ छात्रा, उसका दोस्त संजय सिंह के साथ कुछ और लोग दिखे थे. ये सभी लोग कहीं जा रहे थे और गाड़ी में आगे बैठा शख्स छात्रा और संजय सिंह को रुपए मांगने को लेकर फटकार लगा रहा था. इस वीडियो में बहुत कुछ ऐसा था, जिससे लग रहा था कि चिन्मयानंद से 5 करोड़ की रंगदारी मांगने में इन्हीं लोगों का हाथ है. जांच के तहत एसआईटी को यह वीडियो भी सौंपा गया था.